देहरादून। वन्यजीव संरक्षण के लिहाज से उत्तराखंड के लिए अच्छी खबर है। राजाजी टाइगर रिजर्व के पश्चिमी भाग में एक बाघिन ने चार शावकों को जन्म दिया है।
मई 2023 में कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के वन क्षेत्र से लाए गए चार बाघों में एक नर तथा तीन मादा को राजाजी टाइगर रिजर्व के मोतीचूर वन क्षेत्र में छोड़ा गया। इनमें से एक बाघिन ने कुछ समय पूर्व चार शावकों को जन्म दिया। यह राजाजी में बाघ पुनर्स्थापन योजना की सफलता में एक नया आयाम है।
मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक डॉ. समीर सिन्हा ने बताया कि बाघिन के शावक होने के साथ यहां टाइगर ट्रांसलोकेशन का मकसद सफल हो गया है। कामयाब ट्रांसलोकेशन की उपलब्धि पर वन मंत्री सुबोध उनियाल और पीसीसीएफ डॉ. धनंजय मोहन ने निदेशक साकेत बडोला और उनकी पूरी टीम को बधाई दी है।
उत्तराखण्ड में वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इस क्षेत्र में बाघों के पुनर्स्थापन कार्यक्रम की सफलता वन्यजीव संरक्षण के साथ-साथ स्थानीय लोगों को इको पर्यटन आधारित रोजगार के नए अवसर भी प्रदान करेगी।


