सूबे को शत-प्रतिशत साक्षर राज्य बनाने को लक्ष्य निर्धारितः डाॅ. धन सिंह रावत

सूबे को शत-प्रतिशत साक्षर राज्य बनाने को लक्ष्य निर्धारितः डाॅ. धन सिंह रावत

* वर्ष 2035 तक उच्च शिक्षा में जीईपी 50 प्रतिशत तक पहुंचाने लक्ष्य
* कहा, एक बच्चे को भी पढ़ायेगी सरकार, बंद नहीं होगा विद्यालय

देहरादून। उत्तराखंड अगले छह महीनों में शत-प्रतिशत साक्षर राज्य बनाने का लक्ष्य निर्धारित कर लिया है। इसके लिये प्रदेशभर में व्यापक अभियान चलाया जायेगा। उच्च शिक्षण संस्थानों में वर्ष 2035 तक सकल नामांकन अनुपात 50 फीसदी पहुंचाने के लिये रोड़मैप तैयार कर लिया गया है। राज्य सरकार किसी भी विद्यालय को बंद नहीं करेगी चाहे उसमें एक भी बच्चा क्यों न पढ़ रहा होगा।

यह बात सूबे के विद्यालयी शिक्षा मंत्री डाॅ. धन सिंह रावत ने आज मुख्यमंत्री आवास स्थित मुख्य सेवक सदन में उत्तराखंड के पूर्ण साक्षर राज्य बनने के उपलक्ष्य में समग्र शिक्षा द्वारा आयोजित कार्यक्रम में कही। उन्होंने कहा कि राज्य ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 और उल्लास-नव भारत साक्षरता कार्यक्रम के अंतर्गत पूर्ण साक्षर राज्य बनने का गौरव प्राप्त किया है। राज्य की साक्षरता दर 98.7% हो गई है, जो केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित 95% के वयस्क साक्षरता मानक से काफी अधिक है। उन्होंने कहा कि अगले छह माह में राज्य को शत-प्रतिशत साक्षर बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिये विभागीय स्तर पर सभी तैयारियां पूरी कर ली है।

डाॅ. रावत ने कहा कि इस अभियान को सफल बनाने में करीब 25 हजार स्वयंसेवकों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया। जिनमें शिक्षक, विद्यार्थी, नव-साक्षर व स्वयंसेवक शामिल थे। उन्होंने अभियान से जुड़े सभी लोगों की जमकर प्रसंशा की और कहा कि इनके अथक मेहनत से राज्य ने यह उपलब्धि हासिल की है और मिजोरम, गोवा, त्रिपुरा, हिमाचल प्रदेश और सिक्किम के बाद उत्तराखंड इस उपलब्धि को प्राप्त करने वाला देश का छठवां पूर्ण साक्षर राज्य बना है।

शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत वर्ष 2035 तक उच्च शिक्षा में सकल नामांकन अनुपात को 50 प्रतिशत तक पहुंचाने का राष्ट्रीय लक्ष्य है और उत्तराखंड इस लक्ष्य को इसी वर्ष हासिल करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

शिक्षा मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रत्येक बच्चे तक शिक्षा की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। जिस गांव में एक भी बच्चा पढ़ने वाला होगा, वहां विद्यालय बंद नहीं किया जाएगा।

इस अवसर पर विधायक सविता कपूर, अपर सचिव भारत सरकार अर्चना शर्मा अवस्थी, सचिव शिक्षा ज्योति यादव, अपर सचिव नमामि बंसल एवं अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

All Recent Posts Latest News उत्तराखण्ड